Arth-Sangrah
Dr. Rakesh Shastri · Chaukhamba Orientaliya Delhi
₹350
भारतीय दर्शन की उत्पत्ति जिज्ञासा से हुई है। इसके अतिरिक्त वर्तमान में प्रचलित सभी चिन्तन धाराओं के उत्स वेद में विद्यमान है। जो आगे चलकर भारतीय दर्शन शास्त्र के इतिहास में पुष्पित एवं पल्लवित हुए। वस्तुस्थिति तो यह है कि जीव, जगत् और परम शक्ति तत्त्व, परमेश्वर को आधार बनाकर ही किया गया चिन्तन दर्शन शब्द की संज्ञा को प्राप्त हुआ।
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